HARIDWARUTTARAKHAND

कुष्ठ रोग का पता चलने पर दिव्यांगता से बचा जा सकता हैः सीएमओ

हरिद्वार

मुख्य चिकित्साधिकारी हरिद्वार डॉ. कुमार खगेन्द्र ने बताया कि शुरूआत में कुष्ठ रोग की पुष्टि होने पर उपचार से कुष्ठ रोग पीड़ित व्यक्ति को दिव्यांगता से बचाया जा सकता है। कुष्ठ रोग का उपचार जनपद के सभी सरकारी अस्पतालों में निःशुल्क उपलब्ध है। इसलिए व्यक्ति को अपने स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही न बरतते हुए होने वाली परेशानी के सम्बंध में अपने नजदीकी सरकारी अस्पताल पहुंचकर चिकित्सकों के परामर्श से कुष्ठ रोग के लक्षण की जांच कराकर कुष्ठ रोग से होने वाली दिव्यांगता को रोका जा सकता है। उन्होंने कहा कि इसलिए कुष्ठ रोग के प्रति लोगों को गम्भीता दिखाने की आवश्यकता हैं और आसपास के लोगों को भी कुष्ठ रोग के सम्बंध में जागरूक करने की बेहद जरूरत है। ताकि समाज में कुष्ठ रोग पर लगाम लगाई जा सके। सरकार कुष्ठ रोगियों के लिए हर सम्भव उपचार के साथ साथ उनको राहत पहुंचने का काम कर रही है। लेकिन सरकार व स्वास्थ्य विभाग की कुष्ठ रोग के प्रति बेहद गम्भीर व सजग है। लेकिन इसके प्रति लोगों को भी अपनी सजकता व गम्भीरता दिखाने की जरूरत है। मुख्य चिकित्साधिकारी हरिद्वार डॉ. कुमार खगेन्द्र के आदेशानुसार कुष्ठ रोगियों को राहत पहुंचाने के लिए जनपद में दो दिवसीय अभियान चलाया जा रहा है। जिसके तहत जिला कुष्ठ अधिकारी डॉ. आरके सिंह के नेतृत्व में हेल्थ ऐटुकेटर बीएस गुप्ता, एनएमएस संजय कुमार, एनएमएस संजय पाठक, पीएमडब्लू गौरव शर्मा द्वारा जनपद के सात कुष्ठ आश्रमों जिनमें श्री स्वामी चिदानंद कुष्ठ आश्रम चंडीघाट, श्री शिव मन्दिर गंगा माता कुष्ठ आश्रम चंडीघाट, श्री महंत दयाल पुरी कुष्ठ आश्रम चंडीघाट, चन्द्रशेखर आजाद कुष्ठ आश्रम चंडीघाट, श्री शिव मन्दिर कुष्ठ आश्रम भीमगोड़ा, स्वामी विवेकानंद कुष्ठ आश्रम लालजीवाला और चंद्रपुरी कुष्ठ आश्रम चाव मंडी रूड़की हरिद्वार में रहने वाले कुष्ठ रोग से दिव्यांगों के लिए द लैप्रोसी मिशन हॉस्पिटल फैजाबाद से माइक्रो सैलूलर रबड़ फुटवियर खरीद कर मंगवाये गये हैं। जिनको हरिद्वार जनपद स्थित सभी सात कुष्ठ आश्रमों में कुल 460 पेयर माइक्रो सैलूलर रबड़ फुटवियर वितरित किये गये। जिला कुष्ठ अधिकारी डॉ. आरके सिंह और बीके गुप्ता ने बताया कि हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी सभी कुष्ठ आश्रमों मेें फुटवियर वितरण किया गया। फुटवियर कुष्ठ रोगों से उपचारित दिव्यांग व्यक्तियों जिनके पैरो के तलवों में सुन्नपन रहता है उन्हें वितरित किये जाते हैं। जिससे पैरों को होने वाले जख्मों से बचाव हो सके। कुष्ठ आश्रमों में रहने वाले कुष्ठ रोग से उपचारित दिव्यांग व्यक्तियों को आर्टीफिशयल लिम्ब आदि भी प्रदान किये गये। उन्होंने बताया कि मुख्य चिकित्साधिकारी हरिद्वार के निर्देशानुसार उपरोक्त कुष्ठ आश्रमों में रहने वाले कुष्ठ रोग से उपचारित दिव्यांग व्यक्तियों को समय-समय पर मरहम-पट्टी, जरूरी दवाएं, सहायक उपकरण, जरूरी देखभाल हेतु सामान, फल आदि भी वितरण किये जाते हैं।