UTTARAKHAND

वन निगम श्रमिकों के खुले में शौच जाने से भड़के लोग

नई टिहरी

पीएम मोदी के स्वच्छ भारत मिशन को टिहरी वन निगम के श्रमिक पलीता लगने में लगे हैं। जिला मुख्यालय में आंचल दुग्ध डेयरी के समीप वन निगम के अनुभाग अधिकारी दफ्तर की डिपो चौकी में तैनात श्रमिक के निकटवर्ती प्राकृतिक पेयजल स्त्रोत के आसपास खुले में शौच करने पर स्थानीय में लोगों में रोष बना है। लोगों ने वन निगम से शीघ्र श्रमिकों को वहां से हटाने की मांग की है।
नई टिहरी की आवासीय कॉलोनी एच ब्लॉक आंचल डेयरी के पास वन निगम टिहरी की डिपो चौकी है,चौकी में पेड़ों की लॉपिंग और स्लीपर आदि बनाने के लिए करीब आधा दर्जन श्रमिक रहते हैं लेकिन वन निगम की ओर से श्रमिकों के लिये शौचालय की कोई व्यवस्था नहीं की गई है, जिस कारण श्रमिक पास के बुडोगी गांव गदेरे में खुले में शौच करने जाते हैं। गदेरे में पानी का प्राकृतिक जल स्रोत है, जिससे एच ब्लॉक एम, एफ, जे, जी, एल ब्लॉक और मोलधार समेत अन्य जगहों के लोगों पीने के लिये लाते हैं, लेकिन पेयजल स्रोत के ऊपर गदेरे में श्रमिक द्वारा खुले में शौच कर पेयजल को दूषित करने में लगे हैं।
स्थानीय निवासी उदय रावत, राकेश सिंह, सुनीता देवी, मान सिंह, दीपक, हिमा देवी, एकादशी देवी आदि का कहना हैं, कि वन निगम के श्रमिकों के खुले में शौच जाने से जहां स्वच्छ भारत मिशन की धज्जियां उड़ा वहीं निकटवर्ती पेयजल स्रोत भी दूषित हो रहा है। उन्होंने वन निगम से शीघ्र चौकी से श्रमिकों हटाये की मांग की है, मांग पूरी न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। उधर नगर पालिका ईओ अनिल पंत का कहना कि जिस स्थान पर पानी का स्रोत है, वहां ग्रामीण क्षेत्र में आता है, बावजूद वन निगम को नोटिस भेज दिया गया है। वहीं वन निगम के अनुभाग अधिकारी ओम प्रकाश शाह ने श्रमिकों को अन्यंत्र शिफ्ट करने की बात कही है।