Uttrapradesh

कोरोना में प्रभावित पढ़ाई के लिए चलेंगी विशेष कक्षाएं

ग्रेटर नोएडा

कोरोनाकाल में सबसे ज्यादा पढ़ाई का नुकसान परिषदीय स्कूलों के कक्षा एक से तीन तक के बच्चों का ही हुआ था। वर्तमान में जिले में कक्षा एक से तीन तक लगभग 35 हजार बच्चे पंजीकृत हैं। बेसिक शिक्षा परिषद ने बच्चों की कोरोनाकाल में प्रभावित हुई पढ़ाई की भरपाई कराने के लिए वर्तमान सत्र में एक सितंबर से मार्च तक 22 सप्ताह की विशेष कक्षाएं चलाने का प्रस्ताव तैयार किया है। इसमें निपुण भारत मिशन के तहत मिले लक्ष्यों के अनुसार भाषा व गणित की पढ़ाई कराई जाएगी। इसके लिए विभाग ने रूपरेखा तैयार की है।
स्कूल शिक्षा महानिदेशक विजय किरण आनंद ने प्रदेश के सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों और मंडलीय बेसिक शिक्षा निदेशकों को निर्देश दिए हैं कि कक्षा एक से तीन तक के बच्चों की विशेष पढ़ाई कराकर उन्हें मुख्यधारा में लाने के लिए तैयार किया जाए। उन्होंने अधिकारियों से सवाल किया है कि पूर्व के अनुभव बताते हैं कि ऐसी योजना का शत-प्रतिशत पालन नहीं होता और परिणाम नहीं मिल पाता है।
अधिकारियों से पूछा है कि क्या वह भरोसा दिला सकते हैं कि इस सत्र में विशेष कक्षाएं चलाकर स्कूल बंदी की प्रतिपूर्ति करने में वह कामयाब होंगे। परिषदीय स्कूलों में भी निजी स्कूलों की तर्ज पर कोरोनाकाल में आनलाइन पढ़ाई कराई जा रही थी, पर अधिकतर अभिभावकों के पास स्मार्टफोन न होने से बच्चों की पढ़ाई का काफी नुकसान हुआ था। बच्चों की पढ़ाई की भरपाई करने के लिए विशेष कक्षाएं चलाने की तैयारी की गई है।
वर्जन..
कोरोनाकाल में बच्चों की पढ़ाई के नुकसान की भरपाई करने के लिए एक सितंबर से विशेष कक्षाएं शुरू होंगी। निपुण भारत मिशन में मिले लक्ष्यों के अनुसार ही पढ़ाई कराई जाएगी।
-ऐश्वर्या लक्ष्मी,बेसिक शिक्षा अधिकारी।