HARIDWARUTTARAKHAND

उत्तराखंड की संस्कृति, संस्कारों के संरक्षण व संवर्धन के लिए विशेष आभियान

हरिद्वार

देवभूमि उत्तराखंड की संस्कृति, संस्कारों, रीति रिवाजों, परंपराओं के संरक्षण, संवर्धन के लिए रिवर्स पलायन संवाद आभियान 2023 तृतीय चरण के शुभारंभ के अवसर पर संस्कार परिवार देवभूमि ट्रस्ट देहरादून द्वारा श्री गंगा सभा हरिद्वार के सहयोग से हरकी पैड़ी हरिद्वार में तन्मय वशिष्ठ महामंत्री श्री गंगा सभा हरिद्वार और उज्जवल पंडित के पावन सानिध्य में कार्यक्रम के सूत्रधार आध्यात्मिक गुरु आचार्य बिपिन जोशी और पदमश्री डा. माधुरी बड़थ्वाल की गरिमामाई उपस्थिति में विशेष गंगा पूजन, गंगा आरती की गई। कार्यक्रम के सूत्रधार आध्यात्मिक गुरु आचार्य बिपिन जोशी ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड उत्तर की भूमि है। स्वामी विवेकानंद साहित सैकड़ों संतों, महात्माओं के चरण स्वयं की तलाश में खुद ही इस दिव्य भूमि की और पड़े हैं और यहां साधना और तपस्या द्वारा उन्होने सिद्धियां प्राप्त की। उन्होंने बताया कि 01 मई से 11 मई तक तीसरे चरण का आभियान यमनोत्री धाम, गंगोत्री धाम, केदारनाथ धाम और बद्रीनाथ धाम साहित गढ़वाल मंडल में चलाया जाएगा। पदमश्री डा. माधुरी बड़थ्वाल और नंदा शक्ति दल की मातृशक्तियो ने उत्तराखंड की पारम्परिक वेशभूषा में उत्तराखंडी मांगल गीतों और सगुन आखरों के गायन के साथ ढोल दमाऊ की थाप में साथ मां गंगा के गीत गाए। गंगा सभा के महामंत्री एडवोकेट तन्मय बशिष्ठ ने आभियान की सराहना करते हुवे देवभूमि उत्तराखंड की संस्कृति और संस्कारों के संरक्षण को जरुरी बताते हुए सभी भक्तों से मां गंगा की पवित्रता और तीर्थ स्थलों में साफ सफाई पर विशेष ध्यान देने की अपील की। इस अवसर पर उज्जवल पंडित, मानवेंद्र मनु बड़थ्वाल, जितेंद्र मालिक साहित काफी संख्या में भक्त उपस्थित रहे।